पठकाना रामलीला में हनुमान के पराक्रम से गूंज उठी लंका, जीवंत मंचन ने मोहा दर्शकों का मन
Hardoi, Pathakana Ramlila, Lanka Dahan, Lord Hanuman, Ramleela, Religious Event, Uttar Pradesh News
हरदोई (अचलवार्ता) प्रभु श्रीराम का जयघोष, हनुमान जी का अद्भुत पराक्रम और धू-धू कर जलती रावण की स्वर्णनगरी लंका। पठकाना रामलीला में लंका दहन की लीला का ऐसा सजीव मंचन हुआ कि दर्शक भाव-विभोर हो उठे। हनुमान जी के बल, बुद्धिमत्ता, साहस और प्रभु श्रीराम के प्रति अटूट भक्ति ने रामलीला के मंच पर ऐसा समां बांधा कि पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। कलाकारों के प्रभावशाली अभिनय ने रामायण के प्रसंगों को जीवंत कर दिया और दर्शक देर तक लीला में खोए रहे।रामलीला का शुभारंभ विधि-विधान से आरती-पूजन के साथ हुआ। सबसे पहले पठकाना रामलीला मेला समिति के वरिष्ठ उपाध्यक्ष इं. प्रवीण वाजपेयी ने आरती की। इसके बाद भाजपा नगर अध्यक्ष अनिल पाण्डेय ‘पिंटू’ और पूर्व ब्लॉक प्रमुख रामनाथ त्रिपाठी ने भगवान श्रीराम की आरती उतारकर पूजन किया। आरती के साथ ही रामभक्ति का वातावरण गहराने लगा और श्रद्धालु प्रभु के जयकारे लगाने लगे।
हनुमान के साहस और बुद्धिमत्ता ने जीता दिल
लंका दहन की लीला में हनुमान जी के शौर्य और बुद्धिमत्ता का प्रभावशाली चित्रण किया गया। माता सीता की खोज में लंका पहुंचने से लेकर अशोक वाटिका में राक्षसों को चुनौती देने, रावण के दरबार में निर्भीकता से अपनी बात रखने और अंततः लंका दहन तक के प्रसंगों ने दर्शकों को रोमांचित कर दिया। हनुमान जी के पराक्रम के दृश्यों पर दर्शकों ने जय श्रीराम और जय बजरंगबली के जयकारों से वातावरण गुंजायमान कर दिया।लीला ने यह संदेश भी दिया कि शक्ति के साथ विवेक, साहस के साथ धैर्य और भक्ति के साथ समर्पण हो तो बड़ी से बड़ी चुनौती का सामना किया जा सकता है। रामलीला के मंचन ने जहां दर्शकों का मनोरंजन किया, वहीं उन्हें मर्यादा, निष्ठा और धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा भी दी।इस अवसर पर मेला अध्यक्ष संजय मिश्रा ‘बबलू’, मेला व्यवस्थापक ऋषि मिश्रा सहित मेला समिति के सदस्य और बड़ी संख्या में दर्शक मौजूद रहे।
हरदोई से जिला संवाददाता लक्ष्मीकान्त पाठक की रिपोर्ट
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0