TVK पर ₹6 हजार, टिफिन और चांदी के सिक्के बांटने का आरोप
तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में उपचुनाव के बीच सियासी घमासान तेज हो गया है। तमिलनाडु की धारापुरम विधानसभा सीट पर उपचुनाव के दौरान अभिनेता से नेता बने विजय की पार्टी TVK पर मतदाताओं को कैश और सामान बांटकर प्रभावित करने के आरोप लगे हैं। विपक्षी दलों ने चुनाव अधिकारियों से कार्रवाई की मांग की है। TVK ने इन आरोपों को खारिज किया है।उधर, पश्चिम बंगाल में कांग्रेस ने चुनावी प्रक्रिया को लेकर चुनाव आयोग पर गंभीर सवाल उठाए हैं। कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि राज्य में चुनाव के दौरान बड़े पैमाने पर धांधली हुई और इसके लिए मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को जिम्मेदार ठहराया। पार्टी ने उनके इस्तीफे की मांग करते हुए चुनाव आयोग के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।धारापुरम में TVK पर पैसे बांटने के आरोप
तमिलनाडु की धारापुरम (SC) विधानसभा सीट पर मंगलवार को उपचुनाव के लिए मतदान हो रहा है। इसी बीच सत्तारूढ़ तमिलगा वेत्री कझगम (TVK) पर विपक्षी दलों ने मतदाताओं को प्रभावित करने के लिए पैसे और सामान बांटने के आरोप लगाए हैं। TVK का नेतृत्व मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय कर रहे हैं।
सबसे पहले CPI(M) के राज्य सचिव पी. शनमुगम ने आरोप लगाया था कि उपचुनाव वाले इलाकों में पैसे बांटने के मामले में TVK सबसे आगे है। उन्होंने चुनाव अधिकारियों से मतदाताओं को प्रलोभन देने की शिकायतों पर कार्रवाई करने की मांग की थी।
इसके बाद CPI के तमिलनाडु सचिव एम. वीरपांडियन ने भी धारापुरम में आरोप लगाया कि राजनीतिक दल मतदाताओं को पैसे के जरिए प्रभावित करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि कुछ गांवों में सत्तारूढ़ पक्ष के मंत्री और नेता पहुंचकर स्थानीय समस्याओं को हल करने के वादे कर रहे हैं और इसे उन्होंने पूरे गांव की ‘कीमत तय करने’ जैसा बताया।6,000 रुपये, टिफिन बॉक्स और चांदी के सिक्के का आरोप
धारापुरम से नाम तमिलर कच्ची (NTK) की उम्मीदवार एम. कार्तिका ने TVK कार्यकर्ताओं पर और गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि मतदाताओं को 6,000 रुपये नकद, टिफिन बॉक्स, चांदी के सिक्के और ट्रॉफी जैसी चीजें दी जा रही हैं। उन्होंने चुनाव अधिकारियों के सामने शिकायत करने का भी दावा किया।
वहीं, DMK नेता और तमिलनाडु के पूर्व मंत्री सेंथिल बालाजी ने सोशल मीडिया पर तस्वीरें साझा करते हुए धारापुरम में साड़ियों और लैंप बांटे जाने का आरोप लगाया। DMK ने यह भी दावा किया कि कुछ जगहों पर बिरयानी बांटने की शिकायतें सामने आई हैं।TVK ने आरोपों को किया खारिज
TVK ने इन आरोपों को खारिज किया है। पार्टी के महासचिव और राज्य मंत्री आधव अर्जुन ने कहा कि पार्टी की सफलता किसी तरह के पैसे या प्रलोभन पर नहीं, बल्कि उसकी विचारधारा, जमीनी समर्थन और पारदर्शी शासन पर निर्भर है।आज मतदान के दौरान भी DMK प्रवक्ता टी.के.एस. एलंगोवन ने TVK पर पैसे और सामान बांटने के आरोप दोहराए। उन्होंने दावा किया कि TVK उम्मीदवारों के प्रति मतदाताओं में असंतोष है और इसी वजह से उन्हें समर्थन जुटाने के लिए पैसे बांटने की जरूरत पड़ रही है।
यह उपचुनाव TVK सरकार के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। धारापुरम और मदुरांतकम दोनों सीटों के विधायक पहले AIADMK से जीते थे, लेकिन बाद में उन्होंने इस्तीफा देकर TVK का दामन थाम लिया। अब वे TVK उम्मीदवार के रूप में दोबारा चुनाव लड़ रहे हैं। धारापुरम में TVK की पी. सत्यभामा का मुकाबला DMK की एस. सुगन्या, AIADMK की के. भानुमति, CPI के पी. लक्ष्मणन और NTK की एम. कार्तिका समेत अन्य उम्मीदवारों से है। कुल 22 उम्मीदवार मैदान में हैं।पश्चिम बंगाल में कांग्रेस का ‘रिगिंग’ का आरोप
दूसरी ओर पश्चिम बंगाल को लेकर कांग्रेस ने चुनाव आयोग पर हमला और तेज कर दिया है। कांग्रेस महासचिव और संचार प्रभारी जयराम रमेश ने मंगलवार को आरोप लगाया कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव ‘बड़े पैमाने पर हेरफेर और धांधली का पाठ्यपुस्तक जैसा उदाहरण’ था और यह सब मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की निगरानी में हुआ।
रमेश ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि PM-HM की रणनीति किसी भी कीमत पर पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव जीतने की थी। कांग्रेस ने ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की है और उनके साथ प्रधानमंत्री तथा गृह मंत्री को भी जवाबदेह ठहराने की बात कही है।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0